PMAY-G Eligibility – 1 अप्रेल 2016 से केंद्र सरकार के द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण देश भर में सुचारू रूप से चलाई जा रही हैं. इस योजना के तहत देश के गरीब बेघर परिवार को उनके खुद के पक्का मकान बनाने के लिए वितीय सहायता राशि प्रदान की जाती हैं. इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए लोग आवेदन करते हैं. उनमे से प्रत्येक वर्ष लाभार्थी की सूचि जारी की जाती हैं. जिस नागरिक का लाभार्थी सूचि में नाम होता हैं. उनको इस योजना के अंतर्गत लाभ प्रदान किया जाता हैं.
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण का लाभ देश के सभी नागरिकों को नहीं मिलती हैं. इस योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए आपको सरकार के द्वारा तय किए गए शर्त को पूरा करना होता हैं. अगर आप PMAY-G पात्रता मानदंड को पूरा करते हैं. तब योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं. इस लेख में PMAY-G पात्रता मानदंड के बारे में पूरी जानकारी दी गई हैं.
आवेदक के पास योग्यता
- आवेदन करने वाला व्यक्ति भरत के मूल निवासी हो
- आवेदन करने वाले के पास खुद का पक्का मकान नहीं होना चाहिए
- आवेदनकर्ता की उम्र आठारह वर्ष से कम नही हो
- आवेदनकर्ता के पास बीपीएल श्रेणी का राशनकार्ड हो
- वोटर मतदाता सूचि में आवेदनकर्ता का नाम होना चाहिए
PMAY-G पात्रता मानदंड
प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण का लाभ प्राप्त करने के लिए सरकार ने कुछ पात्रता मानदंड तय किया हैं. जो निम्नलिखित हैं.
- बेघर परिवार
- भूमिहीन परिवार
- अनुसूचित जनजाति, अल्पसंख्यक, अनुसूचित जाति एवं अन्य
- 16 से 59 के उम्र वाले पुरुष जिस परिवार में नहीं हो
- जिस भी परिवार में कोई भी 25 वर्ष से ज्यादा उम्र का साक्षर सदस्य नहीं हो
- जिस भी परिवार के पास एक/ दो कमरे का कच्चा मकान हैं
- परिवार में इनकम टैक्स देने वाला कोई सदस्य नहीं हो
आवश्यक दस्तावेज
- जॉब कार्ड
- आधार कार्ड
- बैंक पासबुक
- निवास प्रमाण पत्र
- जाति प्रमाण पत्र
- पासपोर्ट साइज फोटो
- पहचान पत्र
- राशन कार्ड
- आयु प्रमाण पत्र
श्रेणियों को प्राथमिकता
- विधवा, विकलांग, और वृद्ध
- भूमिहीन मजदूर
- अनुसूचित जाति/जनजाति
- अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC)
- मुस्लिम अल्पसंख्यक
PMAY-G की विशेषताएं
- प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत मिलने वाले वितीय सहायता राशी सीधे डीबीटी के माध्यम से योजना के लाभार्थी के बैक एकाउंट में भेजी जाती हैं.
- PMAY-G के लाभार्थियों के योगता पात्रता मानदंड की जाँच ग्राम सभा के द्वारा किया जाता हैं.
- पहाड़ी क्षेत्र में रहने वाले लाभार्थियों को एक लाख तीस हजार की सहायता राशी मकान बनाने के लिए दी जाती हैं. जिसमे केंद्र और राज्य का अनुपात 90:10 का होता हैं.
- मैदानी क्षेत्र में रहने वाले लाभार्थियों को एक लाख बीस हजार की सहायता राशी मकान बनाने के लिए दी जाती हैं. जिसमे केंद्र और राज्य का अनुपात 60:40 का होता हैं.
- साथ में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण योजना के अंतर्गत शौचालय बनाने के लिए 12000 रूपये की वितीय सहायता राशी अलग से दी जाती हैं.
किसे PMAY-G का लाभ नहीं मिलेगा
- वह नागरिक जिसका प्रतिमाह वेतन 10 हजार से ज्यादा हो.
- जिनके पास लैंड लाइन कनेक्शन / रेफ्रीजरेटर हो
- परिवार के किसी सदस्य का सरकारी नौकरी हो
- जिसके पास किसान क्रेडिटकार्ड हो
- जिनके पास मछली पकड़ने वाली नाव/ कोई कृषि उपकरण हो
- वह नागरिक जिनके पास कोई 2/3/4 मोटर वाहन हो